as they say “दिल मेरा है नासमझ कितना……चाहता है कितना तुझे, खुद मगर नहीं जान सका” the fact that no matter how angry you areno matter how hurt you areat any moment,to the person you loveto the person you have fallen forto the person who has your heartyou just can not hate themyou still wishContinue reading “you cannot hate someone you love”
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मेरा है वो फकत मेरा
कभी ये दावाकी मेरा है वो फकत मेराऔरकभी ये डर की वो मुझसे जुदा तो नहीं कभी ये दुवाकी मिल जाएं उसे सारे जहां की खुशियांऔरकभी ये खौफ की खुश वो मेरे बिना तो नहीं कभी ये तम्मन्नाकी बस जाऊं मैं उसकी निगाहों मेंऔरकभी ये डरकी उसकी आंखों को किसी ने देखा तो नहीं कभीContinue reading “मेरा है वो फकत मेरा”
थोड़ी दूर साथ चलने दो
कठिन है राहगुज़र थोड़ी दूर साथ चलने दोबहुत कड़ा है सफ़र मगर थोड़ी दूर साथ चलने दो तमाम उम्र कहाँ कोई साथ देता हैये जानती हूँ मगर थोड़ी दूर साथ चलने दो ये एक शब की मुलाक़ात भी ग़नीमत हैकिसे है कल की ख़बर थोड़ी दूर साथ चलने दो अभी तो जाग रहे हैं चराग़Continue reading “थोड़ी दूर साथ चलने दो”
देखा तैनू…
देखा तैनू पहली पहली बार वेहोने लगा दिल बेकरार वेरब्बा मैनू की हो गया…!!
तुम मेरे…
पहचानते ही नहीं अब लोग तन्हा हमेंमेरी निगाहों में भी.. हैं ढूंढते वो तुझेहम थे ढूंढते जिसे वो कमी बन गएतुम मेरे इश्क की,सरजमीं बन गए
तुझे….
तुझे याद नहीं करना चाहतेलेकिनतू इस कदर खयालों में बस चुका हैकीबिना मेरे चाहे,बिना मेरे सोचे,बिना मेरी मर्जी के,बिना मेरी सहमति के,बस एक तू ही याद आ रहाखासकरइस एक लम्हें मेंतेरी आवाज,तेरा ज़िक्र,तेरा मेरे पास होना,तेरा गुस्सा,औरतेरा हर छोटी बात परमुझसे लड़ जानासब एक एक करकेबहुत याद आ रहाऔरइस बात के लिएखुद पर गुस्सा अलग.
“यात्रा”
सफर “ट्रेन” कायात्रा ट्रेन कीहजारों की भीड़किसी की गंतव्य यात्राकिसी की लौट आने की यात्राकोई अपनों से दूरअजनबियों के बीच जाता हुआऔरकोई अजनबियों से होकरअपनों के बीच पहुंचता हुआइस यात्रा से चिढ़ होने से लेकरइस यात्रा की आदत पड़ने तकयहां तक आने मेंना जाने कितने त्योहार गवाह हैंना जाने कितनी उदासियां सबूत हैवो घर जानेContinue reading ““यात्रा””
“I am not good with people”
I’m not good with people.I don’t talk a lot,I don’t smile a lot.I hate shallow conversationsandunfunny jokes,I always distance myself from the crowdwhenever I can.I just like it that way.But even so, my heart longs for the lovethat would talk to my soulwhen my lips can’t find the words to utter.I long for someonewho understandsContinue reading ““I am not good with people””
“Regret”
the fact that I “REGRET” the day I met you,i regretthe momentfirst time i have seen your name in the list and even before knowing youthinking that you were going to be special for me i regretthe feelings of minewhich I have had for youeven after knowing everythingmaking clownery of those emotions i regretthe genuineContinue reading ““Regret””
“हम” का अहम
कभी कभी जब हम किसी कोजानते हुए,अनदेखा अनसुना कर रहे होते हैंजब वो हमसे बात करने कीवजह तराश रहे होते हैंअसल मेंहम उन्हें, हमारे बिना कैसे जीना हैये सिखा रहे होते हैंये “हम” का गुरूरये “हम” का वहमऔरये “हम” का अहमजब तक हमें समझ आता हैतब तक हम उस इंसान को खो चुके होते हैंजोContinue reading ““हम” का अहम”