“पसंद”

“पसंद”


क्या है ये?
किसी चीज का पसंद आना
किसी जगह का पसंद आ जाना
किसी व्यक्ति का बस पसंद आ जाना
ना दिमागी रूप से इस पसंद में
आपकी सहमति होती
ना ही दिली तौर पर इस पसंद में
आपकी इजाजत होती
लेकिन दिमाग और दिल की
कितनी ही दफा बन पाई है
दिमाग जिस स्थिति की सच्चाई से
रूबरू होता
ये दिल उन्हीं खयालों के लिए
सौ बहाने तैयार कर लेता
और कभी कभी ये सोचना
कोई व्यक्ति
आपके स्वभाव के एकदम विपरीत
आपके मन में बनाए गए भाव के
एकदम विपरीत
ऐसा कोई आपको
पसंद कैसे आ सकता?
ऐसा कोई
जिनको आप अपने से एकदम
उलट पाते हो
अगर आप चुप रहते
वो एक भी पल ना चुप रहने वाले
अगर आप ज्यादा सोचते
वो हर लम्हे को बेफिक्री में जीने वाले
आप भविष्य के खयालों में
आज को भूलने वाले
और वो
इस एक लम्हे को पूरी तरह जीने वाले
बिलकुल विपरीत
सूरत सीरत और सोच
लेकिन दिल का क्या है
इसने आपने सलाह लेकर
कहां कभी कुछ किया है
और सबसे जरूरी बात
जब इस “पसंद” करने के प्रक्रिया में
आप अकेले शामिल हो
सामने वाला इंसान नही
फिर वर्तमान में
इस व्यथा का निवारण
असंभव सा लगता ….!!!!

“मणिकर्णिका घाट”

वाराणसी का मणिकर्णिका घाट

एक बार अगर आपने
इस घाट पर कुछ समय बिता लिया, जीवन में सब कुछ व्यर्थ लगने लग जाएगा.
जीवन की सारी कड़वी सच्चाई से
रूबरू हो जाना है आपने.
ये पैसों के पीछे भागना,
दूसरों को तकलीफ देना,
किसी और के लिए रोना,
सबसे आगे निकलने को होड़,
दूसरों को कुचल कर,
खुद को सबसे माहिर साबित करने की कला,
हमेशा कल के बारे में सोचना,
जिसका कोई भरोसा नहीं.
जीवन बहुत ही अजीब है.
और मृत्यु ही सत्य है.
बाकी सब मिथ्या है इस बीच की यात्रा में
लोग मिलेंगे लोग अलग होंगे
खुशियां मिलेंगी सौगातें मिलेंगी
लेकिन टिकेंगी कुछ नही इन सबमें
रिश्ते नाते, दुख, किसी चीज के बारे में जरूरत से ज्यादा सोचना और समय देना,
ये मान लेना की अगर ये इंसान हमे नही मिला,
हम जी नही पाएंगे,
पैसे से सब कुछ खरीदा जा सकता है ये व्यर्थ की बात,
नही खरीद सकते आप.
एक सांस भी नही खरीद सकते.
कितने भी करोड़पति हों आप.
कुछ समय बस इस घाट पर.
और जितने भी खयाली पुलाव
आपने सजा रखे हैं
सब धूमिल हो जाने हैं
अगले पल का भरोसा नहीं इस जीवन
जब तक जिएं
बस इतनी कोशिश करें
किसी का जानकर दिल न दुखे
किसी को बस इसलिए तकलीफ ना दी जाए
क्योंकि उन्होंने आपके साथ बुरा किया
बाकी अपनी यात्रा करते रहिए
जीवन की

अंधेरा

डर लगता था जिस अंधेरे से
बचपन में
उसी अंधेरे में अब जिंदगी का
इक सुकून सा हिस्सा रहता है
जिसे ना दुनियादारी की तलब है
ना उजाले की कसक
बस इस अंधेरे में, आंखे खुली होकर भी
कुछ ना देख पाने की आजमाइश
क्योंकि सब देखकर आपका मन
बस भर सा गया होता है
हर मर्ज की दवा
हर अनकहे अल्फाज की दुआ

there must be “someone”

once SRK said

“चाहे जो तुम्हे पूरे दिल से, मिलता है वो मुश्किल से, ऐसा जो कोई कही है, बस वो ही सबसे हसीं है. उस हाथ को तुम थाम लो, वो मेहरबान……कल हो न हो”

the conclusion is
there must be “someone” made for you
specially for you
somewhere, in any corner
of this world
for whom
you are the first and last thing
that comes in their mind
you are the most beautiful thought
who makes them smile
you are the person
who knows them like no one does
your absence matters to them
in crowd of thousand
your presence is all they wish for
neither perfect nor flawless
but perfect with all of their imperfections
so wait for that one
don’t be a second choice of anyone
dont be a backup plan of someone
who does not keep you at their priorities
who does not treat you like you are the best to exist
you deserve that kinda love
you deserve that kinda attention
that is created only for you
that is felt only with you
that gives you peace
not anxiety or fear
that makes you confident
not insecure
dont settle for less

तुझसे प्यार अभी भी है

तुझसे प्यार अभी भी है
बस अब जताना छोड़ दिया
तू पसंद सबसे ज्यादा
अभी भी है
बस अब बताना छोड़ दिया
मुझे मुझसे भी ज्यादा चाहने वाला
ऐसा कोई सुकून देने वाला
वो इंसान नही तू
और ये बात इस दिल को समझाना
थोड़ा मुश्किल सा है
तुझे किसी और के साथ देखना
थोड़ा नामुमकिन सा है
तुझे शायद कद्र नहीं मेरी
तुझे शायद चाहत नही मेरी
और
मैं वो पसंद नहीं
जो तुझे पसंद है
इस बात को स्वीकारना
थोड़ा उदासी भरा सा है
लेकिन खुद की नजरों में
खुद की इज्जत प्यारी है मुझे
तुझे बताया
तुझे जताया
की तू बाकियों से अलग सा है
की तू मुझे पसंद सा है
बाद में ये पछतावा ना हो
कोशिश ना की
तुझे चाहकर बताने की
तुझे पसंद करके जताने की
अपनी कोशिश कर ली मैने
और कर दिया बाकी सब
इस किस्मत के हवाले
तू मेरा होगा
तो मेरे पास होगा
आज नही तो कल होगा
और
अगर तू मेरा ही नहीं
तो इतना रोकना किस बात का
तो इतना टोकना किस बात का
तुझे पसंद करके जताना किस बात का
खुद को तकलीफ देने के बहाने
खुद के दिल को दुखाने के तरीके
जिंदगी में गम और भी हैं
और उतना निभाना ही अभी
हिम्मत की बात है मेरे लिए
दिल टूटा ही सही
तुझे मैं नापसंद ही सही
जिंदगी में जो चाहो
वो मिल जाए
तो जिंदगी अपनी सी ना बन जाए
तो जिंदगी सगी सी ना बन जाए
तुझसे प्यार अभी भी है
बस अब जताना छोड़ दिया

moving on

sometimes all you need is a “closure” from a person you admire, like or love. you want to have expectations but that’s dangerous for your mental health. just one hurtful action by them, and you think this was needed to move on in life. because you don’t want to leave the person at any cost. yes it’s never going to be easy, but that’s life. you can’t have someone just by loving them so hard. you can’t have someone just because you love them. strange part of life is no one to blame here. if someone does not reciprocate your feelings or emotions, it’s neither their fault nor yours. it’s just bad timing of life. and destiny must be cruel for that. they say trust in god’s plan. but what about your heart. no one teaches how to move on with hurting heart. how to smile when you are in pain. and how to think about doing that thing which you never want to do. how to forget and let go someone when you want to hold them so tightly. letting go is part of life and must needed for your peace. but no one teaches how even to do that when your heart is breaking so hard. no strength works here. no maturity works here.

ये जिंदगी

ये जिंदगी जीनी तो पड़ेगी
हसके जियो, रोकर जियो
वो आपकी अपनी मर्जी
लेकिन जब तक के लिए मिली है
इसे जीना तो पड़ेगा
उम्मीद के साथ जियो
या टूटे दिल के साथ
खुशी के साथ या आसुओं और शिकायतों के साथ
उस आखिरी लम्हे तक
जब तक सांस थम नहीं जाती
ये जिंदगी जीनी है
किसी भी कीमत पर हर हाल में…!!

बस इक तू साथ हो

जब इस जग से हारा महसूस हो
तू उन जख्मों पे,मरहम सा हो
वो ना दिखने वाली मायूसी
वो ना बयां होने वाली दुनिया की बेरूखी
तेरे आस पास इन एहसासों का सिमट सा जाना
और सुकून की आखिरी हद तक पार पाना
बस इक तू साथ हो
तो इस बेरंग जीवन में
नूर सा हो,हिम्मत सी हो
और विश्वास सा हो
बस इक तू साथ हो

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